ठाकरे की तर्ज पर मराठे भी होंगे एक?
गिरीश कुबेर ने इंडियन एक्सप्रेस में लिखा है कि भारत की राजनीति मुख्य रूप से दो खेमों में बंटे हैं - एक में वे दल हैं जो कभी भाजपा के साथ थे लेकिन बाद में उसके हाथों ठगे गए, दूसरे में वे जो भाजपा द्वारा निगले जाने से बचने की कोशिश कर रहे हैं. ठाकरे चचेरे भाई—उद्धव ठाकरे (शिवसेना यूबीटी) और राज ठाकरे (मनसे)—पूर्व खेमे से उत्तरार्ध में जाने का प्रयास कर रहे हैं. हाल ही में अलग रहे उद्धव और राज ने 24 दिसंबर 2025 को मुंबई में संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आगामी नगर निगम चुनावों, खासकर मुंबई बीएमसी, के लिए गठबंधन की घोषणा की. इससे पहले दोनों ने शिवाजी पार्क में बाल ठाकरे को श्रद्धांजलि दी.

