बिहार के वोटर लिस्ट में संशोधन पर चिंता
करन थापर ने हिन्दुस्तान टाइम्स में लिखा है कि 24 जून को चुनाव आयोग द्वारा बिहार की मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) के आदेश ने गंभीर चिंताएं और परेशान करने वाले सवाल उठाए हैं. क्या इससे संभवतः करोड़ों लोग मताधिकार से वंचित हो जाएंगे? क्या गरीब और हाशिए पर रहने वाले समुदाय सबसे अधिक प्रभावित होंगे? और क्या इस समय इसकी आवश्यकता थी? हालांकि जनप्रतिनिधित्व अधिनियम आयोग को किसी भी समय और किसी भी तरह से विशेष संशोधन करने का अधिकार देता है, फिर भी क्या बिहार में विधानसभा चुनाव से सिर्फ चार महीने पहले इसे करना उचित था?

