इतिहास दोहराया गया है. जब लग रहा था कि भारत, पाकिस्तान (Pakistan) और उसकी तमाम करतूतों को नजरंदाज कर रहा है, तो दो घटनाएं एक के बाद एक घटीं. पहली, सेना के ट्रक पर आतंकियों ने पुंछ (Poonch Terrorist Attack) में हमला किया. इस हमले की जिम्मेदारी पीपुल्स एंटी-फासिस्ट्स फ्रंट (PAFF) ने ली है, जिसे भारत ने बैन किया था, क्योंकि यह जैश-ए-मोहम्मद से जुड़ा हुआ है.
दूसरा, पाकिस्तान के विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो ने अगले महीने गोवा में जी20 देशों की बैठक में आने का न्योता मंजूर कर लिया है. उन्हें भारत ने यह न्यौता दिया था. यानी हम एक कदम आगे बढ़े हैं, तो एक कदम पीछे भी लौटे हैं. पिछले कुछ दशकों से यही कहानी दोहराई जा रही है. बेशक, कुछ हालात नहीं बदल सकते, लेकिन कुछ मामलों में अनुमान से भी परे जाकर, हादसे होते हैं.

