भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता लाल कृष्ण आडवाणी (Lal Krishna Advani) को भारत रत्न (Bharat Ratna) देने का फैसला सिर्फ सियासी तौर पर अहम नहीं है, बल्कि देश के वैचारिक परिदृश्य पर भी इसका गहरा असर पड़ने वाला है.
अयोध्या के राम मंदिर में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के महज कुछ हफ्ते बाद ही, इस घोषणा का समय ऐसा है कि उसे नजरअंदाज नहीं किया जा सकता. आडवाणी न सिर्फ बीजेपी के, बल्कि राम मंदिर के शिल्पी हैं, और उनकी यह भूमिका उन राजनैतिक अंतर्धारा का अहम हिस्सा है.

