कोल्हान टाइगर के नाम से मशहूर पूर्व सीएम और झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के पूर्व नेता चंपई सोरेन (Champai Soren) ने कुछ हफ्ते पहले अपनी मूल पार्टी छोड़ कर बीजेपी (BJP) का दामन थाम लिया था. चुनाव से पहले उनका यह कदम बीजेपी के लिए एक बड़ा प्रोत्साहन है, क्योंकि वह नेतृत्व संकट का सामना कर रही है, खासकर आदिवासियों के बीच.
सोरेन के बीजेपी में शामिल होने से दो गंभीर सवाल सामने आ गए हैं. पहला- क्षेत्रीय राजनीतिक पार्टियों का अपने नेताओं की आकांक्षाओं के बारे में सोचना, और दूसरा- हिंदुत्व को आदिवासियों के साथ जोड़ना.

