अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा ने 2009 में अपने चुनाव के बाद मध्य पूर्व (Middle East) की यात्रा को अपनी शुरुआती राजकीय यात्राओं में से एक के तौर पर चुना. राष्ट्रपति बाइडेन को अपने कार्यकाल में इस इलाके का दौरा करने में एक साल से ज्यादा का समय लग गया.
क्या यह देरी किसी ट्रेंड का इशारा है, या ऐसी सोच एक संयोग को बहुत ज्यादा बढ़ा-चढ़ाकर देखने जैसी है? शायद बाद वाली बात ही सही है क्योंकि विदेश नीति का संसार इतना आलसी नहीं है कि संयोगों के जरिये इशारा देने में समय बर्बाद करे.

