मिजोरम (Mizoram) में पूरे दो दिनों तक चले राहुल गांधी के धुआंधार चुनाव अभियान ने - जहां 7 नवंबर को मतदान होना है - एक स्पष्ट संदेश दिया है कि कांग्रेस पार्टी सुदूर पूर्वोत्तर में सबसे कम आबादी वाले राज्य पर कब्जा करने के लिए उतनी ही गंभीर है, जितना मुख्य राज्य मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना को जीतने के बारे में है.
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Mizoram: जोरमाथांगा की MNF को चुनाव में कांग्रेस और ZPM से मिल रही कड़ी टक्कर
Mizoram Elections 2023: पूर्वोत्तर में ईसाई बीजेपी से नाराज हैं और जोरामाथांगा का अस्तित्व ईसाई वोटों पर निर्भर है.

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