आसान नहीं वतन पर कुर्बान होना...

जय हिन्द!

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India
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Happy Republic Day!
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Dear India,
मानस में तुम्हारी मूरत है, होठों पे तुम्हारे अफसाने

ऐ हुब्बे वतन कुर्बान तुझ पे, होते हैं जो ऐसे दीवाने

आजादी क्या शय है जिनका, चित्तौड़ के राणा से पूछो

जंगल की खाक भी छानी थी, खाने को न मिलते थे दाने

आसान नहीं कुर्बान होना, अधिकार नहीं सबको इसका

बलिदान वही बकरे होते, जाते हैं जो निर्दोषी माने

जय हिन्द!

उमेश कुमार सिंह

आसान नहीं वतन पर कुर्बान होना...

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