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.बांग्लादेश में 12 फरवरी 2026 को हुए आम चुनावों में बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) ने दो दशकों बाद ऐतिहासिक जीत दर्ज की है. पार्टी ने 300 में से 213 सीटें हासिल कर दो-तिहाई बहुमत प्राप्त किया, जबकि जमात-ए-इस्लामी और उसके सहयोगी 76 सीटों पर सिमट गए. यह चुनाव 2024 में शेख हसीना सरकार के पतन के बाद पहली बार हुआ, जिसमें अंतरिम सरकार के स्थान पर नई सरकार का गठन होगा.
The Indian Express के अनुसार, बीएनपी की इस निर्णायक जीत के बाद पार्टी अब सरकार बनाएगी और जमात-ए-इस्लामी मुख्य विपक्षी दल के रूप में उभरी है. यह पार्टी लंबे समय तक राजनीतिक हाशिए पर रही थी, लेकिन अब उसने सत्ता में वापसी की है।
The Hindu की रिपोर्ट के मुताबिक, बीएनपी ने भारत और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को चुनाव परिणामों को मान्यता देने के लिए धन्यवाद दिया है और दोनों देशों के बीच मजबूत संबंधों की उम्मीद जताई है. पार्टी के वरिष्ठ नेता नजरुल इस्लाम खान ने कहा, "हम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद देते हैं कि उन्होंने हमारे नेता तारिक रहमान को बधाई दी." उन्होंने आगे कहा, "हम मानते हैं कि हमारे नेता के नेतृत्व में दोनों देशों के संबंध और मजबूत होंगे."
Deccan Herald ने बताया, बीएनपी के सलाहकार सैयद मोज्जम हुसैन अलाल ने पुष्टि की कि पार्टी को पूर्ण बहुमत मिल चुका है और तारिक रहमान के अगले दिन शपथ लेने की संभावना है. चुनाव आयोग के अनुसार, राष्ट्रीय चुनाव और जनमत संग्रह में 59.44% मतदान हुआ.
Hindustan Times ने एक लेख में कहा, चुनाव परिणामों के अनुसार, बीएनपी के अध्यक्ष तारिक रहमान ने ढाका-17 और बोगुरा-6 दोनों सीटों पर जीत दर्ज की है. पार्टी ने अपने समर्थकों से विजय रैली के बजाय विशेष प्रार्थना करने का आग्रह किया है.
पीएम मोदी ने ट्वीट कर बताया कि उन्होंने मिस्टर तारिक रहमान से बात कर बांग्लादेश चुनाव में जीत पर बधाई दी और दोनों देशों के लोगों की शांति, तरक्की व खुशहाली के लिए भारत के समर्थन और प्रतिबद्धता को दोहराया.
Financial Express ने बताया, बीएनपी के नेता तारिक रहमान 17 वर्षों के बाद लंदन से लौटे और पार्टी को सत्ता में लाने में सफल रहे. यह चुनाव 2024 के छात्र आंदोलन के बाद पहली बार हुआ, जिसमें शेख हसीना को इस्तीफा देना पड़ा था.
इस रिपोर्ट में जिक्र है, पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और राष्ट्रपति आसिफ अली जरदारी ने भी तारिक रहमान और बांग्लादेश की जनता को शांतिपूर्ण चुनाव के लिए बधाई दी है. पाकिस्तान ने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करने की इच्छा जताई है.
इस रिपोर्ट ने हाइलाइट किया, जमात-ए-इस्लामी के एकमात्र हिंदू उम्मीदवार कृष्णा नंदी को खुलना-1 सीट पर बीएनपी के आमिर एजाज खान ने हराया. चुनाव के दौरान अल्पसंख्यकों पर हमलों की घटनाएं भी सामने आईं, जिससे सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रही.
बीएनपी की जीत के बाद, भारत, पाकिस्तान और अमेरिका समेत कई देशों के नेताओं ने तारिक रहमान को बधाई दी है.
Note: This article is produced using AI-assisted tools and is based on publicly available information. It has been reviewed by The Quint's editorial team before publishing.